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अंक देना - आलिंगन करना.
प्रेम से वशीभूत वह बहुत देर तक अंक दिये रहा.
अंग-अंग ढीले होना - थका होना
शाम को घर पहुंचते पहुंचते अंग-अंग ढीले हो चुके होते हैं.
अगं-अंग मुस्काना - रोम रोम से प्रसन्नता छलकना
लक्ष्य प्राप्ति पर उसके अंग - अंग मुस्काने लगे.
अंग टूटना - बदन में दर्द होना.
बुखार होने से उसके अंग टूटने लगे थे.
अंग धरना - पहनना/धारण करना.
ऋत के अनुसार वस्त्र अंग धरने चाहिए.
अंग से अंग चुराना - संकुचित होना
आज कल बाज़ारों में इतनी भीड़ होती है की चलते समय अंग से अंग चुराने पड़ते है.
अंग लगना - हजम हो जाना/काम में आना
रोज रोज के पकवान उसके अंग लग गये हैं.
अंग लगाना - लिपटना
दिनों बाद मिले मित्र को उसने अंग लगा लिया.
अंगारे उगलना - जली-कटी कहना/दुर्वचन कहना.
खिड़की का काँच टूटा तो सुनिता बच्चों पर अंगारे उगलने लगी.
अंगारे बरसना _ तेज धूप पड़ना
जयेष्ठ माह में अंगारे बरसते हैं.
अंगार सिर पर रखना - कष्ट सहना
कर्महीन व्यक्ति के सिर पर अंगार रहते है.
अंगारों पर लोटना - ईष्या से जलना
सौतन को सामने देख वह अंगारों पर लोटने लगी.
अंगुठा चुसना - खुशामद करना / धीन होना
स्वाभिमानी कभी किसीका अंगुठा नहीं चुसते.
अंचल पसारना - नम्रता से मांगना
जरूरतमंद हर किसी के आगे अंचल पसारता है.
अंजर पंजर ढीले होना - पुर्जो का बिगड़ जाना/अभिमान नष्ट होना/ अंग अंग ढीले होना
दस किलोमिटर चलते ही उसके तो अंजर पंजर ढीले हो गए.
अंटी बाज - दगाबाज
सावधान रहना, वह अंटीबाज है.
अंटी में रखना - छिपाकर रखना
सत्य कभी अंटी में नहीं रखा रहता.